फ्री वर्स

ख़ूबी नहीं,ख़ामी है,
पहचान आदमी की
जन्म लेती हैं मुश्किलें,
चेहरा पढ़ने से,
मुश्किल है निबाह,
भारी पड़ती हैं,
समझदारियाँ,
बड़ी ख़ूबी है,
ना समझ हो जाना,
कितना मुश्किल है
समझदारी को जीना
भोगने पड़ते हैं,
कई ख़मियाजे,
बेहतर है,
खामोशी नीमरज़ा 
उर्मिला माधव

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