क्यों मरो हो

पारसाई की नुमाईश क्यों करो हो ?
ख़ामियाँ ख़ासी नहीं तो क्यों डरो हो ?

वो मुसलसल पीठ दिखलाता रहा है,
ग़ैर की चाहत में नाहक़ क्यों मरो हो ,
उर्मिला माधव
24.3.2017

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