आबाद है

@urmila_madhav
मेरा अपना आशियाँ आबाद है
मैं ही सदियों से बहुत वीरान हूँ,

ये समझ कर भूल मत करना कभी,
तुर्शी-ए-अहबाब से ...हलकान हूँ,

लोग मिलते हैं तो हंस देती हूँ बस,
पर किसी हरक़त से कब अनजान हूँ...
उर्मिला माधव..

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