उदास रखा

हमने अंदाज़ अपना ख़ास रखा,
दिल सरे शाम से उदास रखा,

ये मेरा दिल ऑ ग़ैर की महफ़िल,
दिल बहुत दर्द से हस्सास रखा,

दुश्मनी खुद से हमने कर डाली,
याद को उसकी अपने पास रखा,
उर्मिला माधव
28.8.2015...

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