देखे हैं
इसी दुनियां मेँ मैंने कुछ,ग़ज़ब किरदार देखे हैं,
नहीं किस्सा ये एक दिन का,हज़ारों बार देखे हैं,
बहुत हैरत हुई उक्दा अचानक खुल के जो आया,
लब-ओ-लहजा बदलते जब ....पुराने यार देखे हैं....
उर्मिला माधव..
24.11.2016
इसी दुनियां मेँ मैंने कुछ,ग़ज़ब किरदार देखे हैं,
नहीं किस्सा ये एक दिन का,हज़ारों बार देखे हैं,
बहुत हैरत हुई उक्दा अचानक खुल के जो आया,
लब-ओ-लहजा बदलते जब ....पुराने यार देखे हैं....
उर्मिला माधव..
24.11.2016
Comments
Post a Comment