धुन में गाता होगा
वो जो कुछ अपनी ही धुन में गाता होगा, बातें उसकी कोई समझ नहीं पाता होगा, हर कोई बस कुछ अनुमान लगाता होगा, कोई उसके मन तक पहुँच न पाता होगा, नदी किनारे बैठ प्रतीक्षा करते-करते, मन ही मन कुछ यादें भी दोहराता होगा, सागर की गहराई से भी गहरा-गहरा, ह्रदय पीर से उसका तब भर जाता होगा, वो जोगी है,गीत प्रेम के गाता होगा, शब्दों में कितना इतिहास बताता होगा, बातें उसकी कोई समझ न पाता होगा, बातें उसकी कोई समझ न पाता होगा.... उर्मिला माधव... 30.5.2014...